एक ऐसा सोलर पैनल जो न सिर्फ सूरज की किरणों से अधिकतम ऊर्जा खींचता है, बल्कि तेज गर्मी, ओले और बदलते मौसम में भी सालों-साल अपनी परफॉर्मेंस बनाए रखता है, अब इंडिया में हकीकत बन चुका है। Waaree Energies ने अपनी नई Plexus Series HJT Bifacial Solar Panel को लॉन्च कर दिया है, जिसकी पावर रेंज 700W से लेकर 730W तक जाती है। Waaree, जो आज 12GW से ज्यादा मैन्युफैक्चरिंग कैपेसिटी के साथ इंडिया की सबसे बड़ी सोलर मॉड्यूल कंपनी बन चुकी है, इस पैनल के जरिए हाई-एफिशिएंसी सोलर टेक्नोलॉजी को मेनस्ट्रीम में ला रही है। खास बात यह है कि सही कंडीशंस में इस पैनल की ओवरऑल एफिशिएंसी 30% से भी ज्यादा पहुंच सकती है जो इसे इंडिया के सबसे एडवांस्ड सोलर पैनल्स में शामिल करती है।

HJT Solar Panel क्या है और यह इतना पावरफुल क्यों है?
HJT यानी Heterojunction Technology एक एडवांस्ड हाइब्रिड टेक्नोलॉजी है, जिसमें क्रिस्टलाइन सिलिकॉन सेल्स के साथ अमॉर्फस सिलिकॉन की अल्ट्रा-थिन लेयर्स जोड़ी जाती हैं। इसका सबसे बड़ा फायदा यह होता है कि चार्ज लॉस बेहद कम हो जाता है और पैनल ज्यादा बिजली पैदा करता है। ट्रेडिशनल PERC या TOPCon पैनल्स की तुलना में HJT पैनल्स का टेम्परेचर कोएफिशिएंट काफी लो होता है, जिससे तेज गर्मी में भी इनकी परफॉर्मेंस गिरती नहीं है।
Waaree की Plexus Series में PID (Potential Induced Degradation) से मजबूत सुरक्षा मिलती है, जिससे लंबे समय तक आउटपुट स्टेबल रहता है। यह पैनल Bifacial डिजाइन में आता है यानी यह सामने से सीधी धूप और पीछे से रिफ्लेक्टेड लाइट दोनों को इस्तेमाल कर सकता है जो इसे सामान्य सोलर पैनल्स से कहीं ज्यादा पावरफुल बनाता है।
30% एफिशिएंसी कैसे बनेगी और Bifacial डिजाइन का रोल
Waaree Plexus Series HJT पैनल की फ्रंट-साइड मॉड्यूल एफिशिएंसी 22.5% से 23.5% तक जाती है जो अपने आप में काफी ज्यादा है। इसके साथ ही बैकसाइड पर लगभग 85% ±10% बाइफेशियलिटी फैक्टर मिलता है। इसका मतलब यह है कि जमीन, छत या किसी रिफ्लेक्टिव सरफेस से लौटने वाली रोशनी भी बिजली बनाने में योगदान देती है।
अगर अल्बीडो यानी रिफ्लेक्टेड लाइट 30% के आसपास हो तो पैनल की ओवरऑल एफिशिएंसी करीब 30.55% तक पहुंच सकती है। यही वजह है कि यह पैनल बड़े सोलर फार्म, कमर्शियल रूफटॉप और हाई-एंड प्रोजेक्ट्स के लिए बेहद फायदेमंद माना जा रहा है। कम लाइट कंडीशन में भी यह पैनल बेहतर आउटपुट देता है, जिससे पूरे साल एनर्जी जनरेशन ज्यादा रहती है।
730W HJT Solar Panel कितनी पावर बनाएगा और इससे क्या-क्या चल सकता है?
Waaree Plexus Series के 730W मॉडल को अगर इंडियन कंडीशंस में देखा जाए, तो एक पैनल औसतन रोजाना 3.5 से 4 यूनिट तक बिजली पैदा कर सकता है। बाइफेशियल गेन और सही इंस्टॉलेशन के साथ यह आउटपुट और भी बढ़ सकता है। अगर किसी साइट पर अल्बीडो 15% हो तो बैकसाइड गेन से 800W से ज्यादा इक्विवेलेंट आउटपुट मिल सकता है और 30% अल्बीडो पर यह 900W के आसपास भी पहुंच सकता है। इस तरह के कुछ ही पैनल्स से आप बड़े-बड़े लोड आसानी से मैनेज कर सकते हैं।
| पैनल क्षमता | संभावित उपयोग |
| 1 × 730W पैनल | 1 फ्रिज, 6–8 पंखे, 8–10 LED लाइट |
| 4 × 730W पैनल | 1.5 टन AC, फ्रिज, टीवी, वॉशिंग मशीन |
| 10 × 730W पैनल | कमर्शियल ऑफिस या छोटा शॉप फ्लोर |
NOCT कंडीशन में भी इसका आउटपुट 534W से 557W के बीच रहता है जो बताता है कि रियल-वर्ल्ड में भी यह पैनल दमदार परफॉर्मेंस देता है।
कीमत, वारंटी और क्यों यह पैनल भविष्य के लिए सही है
अगर कीमत की बात करें तो 730W HJT Bifacial Solar Panel की इंडिया में कीमत ₹32 से ₹38 प्रति वाट के बीच हो सकती है जो प्रोजेक्ट साइज और ऑर्डर क्वांटिटी पर निर्भर करेगी। इस रेंज में यह पैनल भले ही शुरुआती तौर पर थोड़ा महंगा लगे लेकिन इसका लो LCOE यानी प्रति यूनिट बिजली की लागत काफी कम पड़ती है।
Waaree इस पैनल पर करीब 15 साल की प्रोडक्ट वारंटी और 30 साल की लीनियर परफॉर्मेंस वारंटी देता है, जिसमें पहले साल डिग्रेडेशन सिर्फ 1% और उसके बाद हर साल मात्र 0.3% रहता है। मजबूत डबल-ग्लास डिजाइन, 5400 Pa स्नो लोड और 2400 Pa विंड लोड कैपेसिटी इसे इंडियन मौसम के लिए परफेक्ट बनाती है। कुल मिलाकर, Waaree का 730W HJT Solar Panel न सिर्फ आज की जरूरत है बल्कि आने वाले दशकों के लिए एक फ्यूचर-प्रूफ सोलर सॉल्यूशन भी है।
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